भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने अपने सेमी-क्रायोजेनिक इंजन पावर हेड का 88 प्रतिशत लक्ष्य क्षमता (थ्रस्ट) पर सफल ‘हॉट टेस्ट’ करके एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। तमिलनाडु के महेंद्रगिरि स्थित इसरो प्रोपल्शन कॉम्प्लेक्स में किया गया यह परीक्षण नए प्रणोदन प्रणाली (प्रोपल्शन सिस्टम) के विकास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। यह ...