गले में उभरी छोटी-सी गांठ को सामान्य समझकर न छोड़ें, FNC जांच के बाद होता है सर्जरी का फैसला
डॉक्टर पहले गर्दन की जांच और अल्ट्रासाउंड के जरिए गांठ का मूल्यांकन करते हैं। जरूरत पड़ने पर एफएनएसी यानी सुई से गांठ की जांच कराई जाती है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की निगरानी, दवा या सर्जरी का निर्णय लिया जाता है।