प्रसिद्ध पंडवानी गायिका पद्म विभूषण डॉ. तीजन बाई का निधन, 13 साल की उम्र में ही अपनी आवाज का वर्चस्व जमाया
उस समय महिलाएं सिर्फ बैठकर 'वेदमती शैली' में गाती थीं. तीजन बाई पहली महिला थीं, जिन्होंने पुरुषों की 'कापालिक शैली' चुनी और खड़े होकर दमदार आवाज में गाना शुरू किया.