भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि से प्रारंभ हुआ दस दिवसीय गणेश जन्मोत्सव अपने अंतिम और सबसे भावुक पड़ाव पर पहुंच चुका है। अनंत चतुर्दशी का पावन दिन विघ्नहर्ता भगवान श्री गणेश की विदाई और उनके पवित्र विसर्जन का साक्षी बनता है। दस दिनों तक घरों, सोसायटियों और विशाल पंडालों में परिवार के सदस्य और परम पूज्य अतिथि की भांति विराजमान रहने के बाद बप्पा अब अपने दिव्य धाम लौटने की तैयारी में हैं। अनंत चतुर्दशी का धार्मिक महत्व इसलिए भी दोगुना हो जाता है क्योंकि इसी दिन सृष्टि के पालनकर्ता भगवान श