Yash Success Story: किसी चुनौती को अपनी राह की रुकावट नहीं बनने देना क्या होता है, यश की कहानी इसका उदाहरण है. बोल नहीं पाने वाला यश बॉलिंग लेन पर अपनी प्रतिभा का ऐसा प्रदर्शन कर रहा है, जिसने उसे राष्ट्रीय प्रतियोगिता से अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचा दिया. अप्रैल में हुई नेशनल बॉलिंग चैंपियनशिप में यश ने तीन पदक अपने नाम किए, जिसमें गोल्ड मेडल भी शामिल रहा. इस प्रदर्शन के बाद उसे अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप के लिए चुना गया. चीन में 4 से 9 सितंबर तक हुई प्रतियोगिता में यश ने राजस्थान का प्रतिनिधित्व